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World Cinema - #3 Stalker ( by Andrei Tarkovsky )

World Cinema - #3 Stalker ( by Andrei Tarkovsky )

तुम तो कह देते हो की पड़े पड़े फिल्मे देखते रहते हो , क्या सीखते हो इनसे , क्या मजे से फिल्मे देखते रहते हो ! अब हम भी क्या कर क्योकि तुमने फिल्मो के नाम पर गोलमाल अगेन या जुड़वा 2 जैसी फिल्में जो देखि है , मगर ऐ नादाँ परिंदे तुम फिल्मे देखते हो क्योकि तुम फ्री टाइम वेस्ट करना चाहते हो ,मगर हम फिल्म देखते है कि कही टाइम बर्बाद न हो जाए !
कितना कष्टदाई होता फिल्म देखना यह मुझसे पूछो , क्योकि किसी ने कहा था कि फिल्मकार बनने के लिए ज्यादा से ज्यादा फिल्मे देखो , इसी खातिर जाने क्या क्या ना देखा हमने , हनेके से लेकर गोदार्द , स्पिएलबर्ग से लेकर  फरहदी सबका सिनेमा देख डाला ! इसी कड़ी में हमारे कानो में कही से नाम गूंजा Andrie तारकोवस्की का ! खुद को अलग दुनिया या फिर फ्रेंच मैन बतलाने वालो के घर में अक्सर या तो बिल्ली दिखाई दे देगी या फिर तारकोवस्की की तस्वीर !!
Tarkovsky  का सिनेमा साहित्य है , यह उस किताब की तरह है जो बड़ी कॉम्प्लिकेटेड सी है ! दो घंटे पैतीस मिनट की फिल्म स्टॉकर , सिनेमा का वो रूप है जहाँ आप फिल्म को उसकी गति के हिसाब से नही नापते , क्योकि यह फिल्म इतनी धीमी गति से चलती है कि आपको ये ढाई घंटे सबसे बोझिल घंटे लगेंगे , पांच मिनट के लॉन्ग सिंगल कॉन्टिन्यूज़ शॉट आपको इतना उबाऊ लगेंगे की आप इसे यही बीच बजरिया में छोड़ कर जाना चाहेंगे , मगर आप अगर सिनेमाप्रेमी है तो आपको यह फिल्म कतई नही तपायेगी , इसकी बेहतरीन सिनेमेटोग्राफी आपको एक टक अभिभूत कर देगी , इस फिल्म की धीमी गति ही इसकी खासियत है , क्योकि इसमें ठहराव है . आज की इस 4G की दुनिया में हम इतने फ़ास्ट हो गए है कि हमारी आँखों के सामने से गुजरते दृश्यों को हम उस कदर महसूस नही कर पाते ,जिस कदर यह फिल्म हमे महसूस करवाती है !
फिल्म कब सीपिया मोड से हरियाली वादियों में पहुँच जाती है , यह सब अनदेखा , unusual सा लगता है ! पहली बार में यह फिल्म मुझे कतई समझ नही आयी , तीन लोग क्या बकैती कर रहे है कुछ समझ नही आया , इसका मतलब नही था कि फिल्म बुरी थी ,इसका यह मतलब है कि अभी मैं ऐसा सिनेमा से used to नही हुआ हूं , और पहली बारी में तो मुझे टैक्सी ड्राइवर भी अच्छी नही लगी थी (  don't kill me Fans of scorsese ) , मगर जब मैने इसको दुबारा देखा तो समझ आया की सिनेमा दो गानों , एक आइटम सॉन्ग , एक जबर्दस्ती वाले रेप सीन , हीरो की झाम फाड़ लड़ाई , हीरो हेरोइन के बिछड़ने से कई आगे बढ़ चुका है !!
तारकोवस्की का सिनेमा मुझे  हनेके का सिनेमा की याद दिलाता है , हनेके की सेवंथ कांटिनेंट, Cache , और फनी गेम्स मुझे एक बारी में ही इतने पसंद आ गए थे की बाद में मैंने इनको रिपीट किया ! हनेके का सिनेमा भी धीमा मगर सिनेमा प्रेमियों के लिए किसी फिल्म स्कूल से कम नही है !!
खेर स्टॉकर पर लौट आते है , स्टॉकर कहानी है तीन लोगो की जो कही जाते है Zone नाम की जगह पर , जहा एक room है अब क्यों है यह पता नही , और तीनों के अलग मायने है उस रूम को लेकर ! अब इतना ही समझ आया !!

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