Headlines
Loading...
Carne Y Arena - नया दौर का सिनेमा

Carne Y Arena - नया दौर का सिनेमा

ज़रा सोचो आप एक immigrant हो और मेक्सिको बॉर्डर पे हो और उसे क्रॉस करने की कोशिश कर रहे हो,आपके पीछे पुलिस पड़ी है आप दौड़ रहे हो . 
कैसा महसूस होता होगा? कैसे नसे सिकुड़ती फूलती होगी डर के मारे ? 
यही फीलिंग्स महसूस करने का मौका इस बार दर्शको को मिला कांन फिल्म फेस्टिवल में .हर साल पूरे वर्ल्ड से अलग अलग तरफ की मूवीज दिखाई जाती है इस फेस्टिवल में . मगर इस बार एक फिल्म ने सबका धयान अपनी ओर खींचा. और वो फिल्म में "Carne Y Arena " .इस फिल्म के निर्देशक है अल्जेन्द्रो जी Inarritu .
Alejandra G Inarritu का तो नाम सुना होगा ,वही Revenent और Birdman का डायरेक्टर. 
अल्जेन्द्रो ने यह फिल्म Emmanuel lubezki के साथ बनाई है , वही Emmanuel lubezki जो लगातार तीन बार ऑस्कर अवार्ड जीत चुके Gravity, Birdman और Revenent के लिए.
Alejandro और emmanuel ने कई बार साथ काम किया है और बेहतरीन फिल्मे बनाई है मगर इस बार वो एक कदम आगे बढ़ गए है Carne Y Arena के साथ .
कांन फेस्टिवल में दर्शको को इस बार एक दम नया अनुभव देखने को मिला जब उन्होंने यह फिल्म देखी. दरअसल यह फिल्म VR (virtual reality) तकनीक के ऊपर बनाई गयी है. इस तकनीक में दर्शक की आँखों पर VR Headset लगा दिया जाता है earphones के साथ .
इसमें आप  फिल्म की scene की जगह पर Virtually present रहते है,मगर phsically invisible होते है. ऐसा मानो की फिल्म के करैक्टर आप ही हो और आप ही बॉर्डर पार करने की कोशिश कर रहे हो.
आप चाहे तो पुलिस के सामने घुटने टेक सकते हो या फिर अन्य इमिग्रेंट के साथ पुलिस से आमना सामना कर सकते हो .यह फिल्म करीब 7 मिनट की है और इससे मुख्य फेस्टिवल की जगह से दूर किसी warehouse जो की छोटे से कांन्स मंडेलियू एयरपोर्ट के पास है , वहां दिखाया गया . इस फिल्म को एक बार में सिर्फ एक ही दर्शक देख सकता था , और फिल्म दिखाने से पहले उन्हें फ़ोन,पर्स और जूते बाहर ही रखवा लिए गए और एक कॉन्ट्रैक्ट करवाया गया कि अगर फिल्म देखते वक़्त दर्शक को कुछ भी होता है तो इसकी जिमेदारी उसकी स्वयं की है .

सात मिनट की यह फिल्म कांन्स में दिखाई गयी और सराही गयी . The Guradian में इसके बारे में लिखा "Dazzling Virtual reality exhibits offers a fresh look at refugee crisis. 

1903 में The great robbery नाम की फिल्म आयी थी जिसमे गैंग का एक सदस्य ऑडियंस की ओर बन्दूक शूट करता ,तब ऑडियंस अपनी कुर्सियों से उछल पड़े थे ,मगर Carne Y arena ( Flesh and Sand) उससे लाखो कदम आगे बढ़ गयी है !!

अब इंतेजार है इस फिल्म का भारत में रिलीज़ होने का देखते है कैसे रिलीज़ होती है ,और कहा रिलीज़ होती है !! 

Carne Y Arena  के बारे में और भी बहुत कुछ लिखा है ,सर्च करो इन्टरनेट पर !!


0 Comments: